प्रतापगढ़
पुलिस चौकी में हमसफर बने प्रेमी युगल
रानीगंजकैथौला पंचायत के फैसले के बाद प्रेमी-प्रेमिका ने पुलिस चौकी में शादी रचाई। बाबुल की चौखट की बजाय चौकी से बेटी विदा हुई।
लालगंज कोतवाली के मनुहारपुरगांव के पूरे सेवकी गांव निवासी एक युवक व गांव की ही एक युवती के बीच साल भर से प्रेम प्रसंग चल रहा था। लगभग तीन माह पूर्व प्रेमी प्रेमिका को गांव वाले एक दिन अपत्तिजनक दशा में पकड़ लिए। इस पर गांव में पंचायत बुलाई गई। मामले में स्वजातीय व बालिग होने के कारण दोनों को शादी करने का फरमान सुनाया गया। पंचायत के दौरान तो दोनों पक्ष राजी हो गए और मार्च तक का समय मांगा। वर पक्ष के परिजन शादी के लिए तैयार हो गए, पर कुछ समय बीता तो वर पक्ष के लोगों ने लड़के को परदेश भेज दिया और बातचीत भी बंद कर दी। तब लड़की पक्ष के लोगों को लगा की लड़का शादी नहीं करेगा तब लड़की के भाई ने पांच दिन पूर्व युवक के खिलाफ दुराचार व जान से मारने की धमकी का मुकदमा दर्ज कराया। जब वर पक्ष को मुकदमा होने की जानकारी हुई तो उसके परिजन लड़के को गांव बुलवाए। गांव आने पर लड़की पक्ष वालों ने तत्काल शादी करने के लिए दबाव बनाया, लेकिन लड़के पक्ष वालों के पास पैसे न होने से वे शादी के लिए तैयार नहीं हो रहे थे। जब पुलिस को पता चला की मुकदमा का आरोपी गांव आया है तो पुलिस उसे पकड़कर पुलिस चौकी ले आई। जब उसकी प्रेमिका को पता चला तो वह भी पुलिस चौकी पहुंचकर शादी करने की जिद करने लगी। इस पर चौकी प्रभारी कमलेश पांडेय ने दोनों के परिजनों को बुलाया और देखा कि दोनो पक्ष शादी के लिए तैयार हैं, लेकिन महज पैसे के लिए शादी नहीं हो रही है। इस पर उन्होंने दोनों पक्षों से शादी की तैयारी करने को कहा। इसके बाद प्रेमी व प्रेमिका को जयमाल डालकर शादी करवा दी। इस दौरान गांव के प्रधान गंगा शरण पांडेय व चौकी प्रभारी ने वर-वधू को आशीर्वाद दिया। युवती सूट सलवार में थी तो महिला आरक्षी सुमन सिंह ने अपने पैसे से साड़ी मंगवाकर उसे पहनाया और यहीं से विदाई की ।
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