शाहजहांपुर। यूपी के शाहजहांपुर में टीईटी का फर्जी अंकपत्र लगाकर प्राइमरी स्कूलों में नौकरी पाने वाले 6 शिक्षकों को बर्खास्त कर उन पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया गया है। फर्जीवाड़ा करने वाले शिक्षक आगरा, मैनपुरी, इटावा जैसे क्षेत्रों के रहने वाले हैं। तत्कालीन बीएसए ने इन शिक्षकों को बर्खास्त करते हुए एसपी को रिपोर्ट दर्ज करने के लिए पत्र लिखा था। नए बेसिक शिक्षा अधिकारी ने इस पर कार्रवाई करते हुए पुवायां, बंडा और खुटार के शिक्षकों पर एफआईआर दर्ज कराई है। इस कार्रवाई से शिक्षकों मे हड़कंप मच गया है।
2014 के अगस्त में विशिष्ट बीटीसी के अंतर्गत शिक्षकों का चयन हुआ था। एक जून 2016 को अंकपत्रों के सत्यापन की रिपोर्ट आई जिसमें 6 शिक्षकों के टीईटी अंकपत्र फर्जी पाए गए थे। विभाग ने शिक्षकों को नोटिस भेजते हुए पक्ष रखने के लिए बुलाया। कार्यालय में उपस्थित न होने पर तत्कालीन बीएसए राकेश कुमार ने फर्जीवाड़ा करने वाले शिक्षकों को बर्खास्त कर दिया। उन्होंने वेतन की रिकवरी व बीईओ को रिपोर्ट दर्ज कराने के निर्देश दिए थे।
इस बीच उनका तबादला हो गया। नए बीएसए देवेन्द्र कुमार पाण्डेय ने जवाइनिंग के बाद कार्रवाई को आगे बढ़ाया। उन्होंने बंडा ब्लाक के प्राथमिक विद्यालय नटियुरा के अमित प्रताप, प्राथमिक विद्यालय बाजपुर के अनिल कुमार सिंह, प्राथमिक विद्यालय बंडा प्रथम की अल्पना सिंह, के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई ।
खुटार के प्राथमिक विद्यालय बरकलीगंज के शिक्षक हरिओम सिंह चाहर, पर भी कार्रवाई हुई है। बीएसए देवेंद्र कुमार पांडेय ने बताया कि फर्जीवाड़ा करने वाले पुवायां के खुटार और बंडा के शिक्षकों पर धारा 420,467,468 के अंतर्गत मुकदमा लिखा गया है।
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें
have any doutes. please let me