Blog

बुधवार, 1 फ़रवरी 2017

हिमाचल अपडेट समाचार

नालागढ़
बारियां में मकान की गिरी छत,मलबे में दबने से 20 वर्षीय युवक की मौत,पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिया भेजा अस्पताल।

करसोग
शादी का झांसा देकर युवती से 4 साल तक शारीरिक शोषण, 4 साल तक आरोपी और पीड़ित युवती रहे एक साथ, अब शादी से झाड़ा पल्ला।

ऊना
विधायक वीरेंद्र कंवर ने विधायक प्राथमिकता बैठक से किया किनारा,कुटलैहड़ विधानसभा क्षेत्र से भाजपा के विधायक है कंवर।

नालागढ़
बघेरी में पुलिस ने पकड़ा सवा तीन किलो चूरापोस्त,एक आरोपी को लिया हिरासत में , पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर की कार्रवाई।

दिल्ली
CM वीरभद्र सिंह मनी लॉन्ड्रिंग का मामला,वीरभद्र सिंह की याचिका पर सुनवाई टली, दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका पर टली सुनवाई।

केलांग
लाहौलघाटी में अभी भी जनजीवन अस्त-व्यस्त,सड़कों से नहीं हटाई जा रही बर्फ, 24 जनवरी से बिजली आपूर्ति ठप,दूरसंचार सेवाएं भी बाधित।

शिमला
फ्लिपकार्ट का फर्जीवाड़ा, मंगवाया मोबाइल, भेज दिया मार्बल का टुकड़ा, शिमला में एचआरटीसी कर्मी के साथ हुआ धोखा।

मंडी
प्रदेश भाजपा के सचिव प्रवीन शर्मा का आरोप- राज्य सरकार ने पूरे नहीं किए घोषणा पत्र के 90 प्रतिशत वादे।

शिमला
राष्ट्रीय दृष्टिहीन परिसंघ ने बढ़ाई सरकार की मुश्किलें,आमरण अनशन पर बैठे परिसंघ के सदस्य,149 दिनों तक प्रदर्शन के बाद टूटा सब्र।

17 तोला सोना लेकर बिहारी ज्वैलर फरार

✍🏻संगड़ाह
उपमंडल संगड़ाह में करीब 17 तोला सोना लेकर एक बिहारी ज्वैलर फरार हो गया है। संगड़ाह निवासी आशा कुमारी पत्नी सतीश कुमार ने पुलिस थाना संगड़ाह में शिकायत दर्ज करवाई है कि राजेश शाह पुत्र चलाई शाह निवासी गांव धमकेर बिहार हाल ही में संगड़ाह में शिरडी ज्वैलर्स के नाम से सुनार की दुकान करता था।

    शिकायतकर्ता आशा ने 5 तोला व अन्य लोगों से करीब 12 तोला सोना ज्वैलर को मरम्मत के लिए दिया था, जिसे लेकर उक्त ज्वैलर फरार हो गया है। इस संदर्भ में पुलिस ने आईपीसी की धारा 406 व 420 के तहत मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।

जीजा पर लगाया मानसिक उत्पीड़न और आत्म हत्या को उकसाने का आरोप

✍🏻कांगड़ा
जिला कांगड़ा की पुलिस चौकी योल के तहत पद्धर गांव की महिला ममता के जहर निगलने के मामले में मृतका के भाई ने अपने जीजा के खिलाफ मानसिक प्रताड़ना व आत्महत्या को उकसाने का आरोप लगाया है। पुलिस के पास दर्ज करवाई शिकायत के आधार पर पुलिस ने ममता के पति विनय को हिरासत में ले लिया है। पद्धर गाव की 31 वर्षीय महिला ममता ने 28 जनवरी को जहरीला पदार्थ निगल लिया था। उसकी हालत खराब होने के बाद परिजन उसे राजेंद्र प्रसाद मेडिकल कालेज टाडा ले आए थे, वहां महिला की गत दिबस उपचार के दौरान मौत हो गई।

    महिला की मौत से खफा उसके भाई ने अपने जीजा विनय निवासी योल पर प्रताड़ना का आरोप लगाया। मृतका के भाई के अनुसार उसकी बहन की शादी करीब नौ वर्ष पहले योल के साथ लगते पद्धर गाव के विनय से हुई थी। उसका जीजा उसकी बहन को शुरू से ही शारीरिक तथा मानसिक रूप से प्रताड़ित करता था। इसके चलते उसकी बहन ने आत्महत्या की है। पुलिस ने मृतका के भाई के बयानों के आधार मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।

अवैध निर्माण के लिए बनी हाई पाॅवर कमेटी एक राजनीतिक ड्रामा: बरागटा

✍🏻शिमला
प्रदेश में अवैध निर्माण को एसेस व रिविव करने के लिए 20 दिसंबर 2016 को बनाई गई कमेटी एक राजनीतिक ड्रामा है। चुनाव को देखते हुए जनता को गुमराह करने के लिए इस कमेटी का गठन किया गया है। यह बात भाजपा से पूर्व बागवानी मंत्री नरेंद्र बरागटा ने मंगलवार को शिमला में आयोजित एक पत्रकार वार्ता में कहीं। उन्होंने कहा कि यह कमेटी अब खुद को न्यायालय से ऊपर समझ ने लगी है और जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि विधानसभा में सरकार ने छोटे किसानों के लिए अवैध निर्माण पर एक नीति बनाने को कहा था।

      उन्होंने कहा कि सरकार को जनता की इतनी चिंता थी, तो कोर्ट में जाकर इस आदेश के खिलाफ अपील क्यों नहीं की। बरागटा ने कहा कि 2002 में भाजपा ने अवैध निर्माण पर जो नीति बनाई थी, उसमंे कांग्रेस की ही एक महिला पूनम गुप्ता ने स्टे लिया था और अभी भी अवैध निर्माण पर कांग्रेस के ही कार्यकर्ता कृष्ण चंद शारदा ने याचिका दायर की थी। उसके बाद ही यह अवैध निर्माण तोड़े गए है। उन्होंने कहा कि 6 अप्रैल 2015 में उच्च न्यायालय ने अवैध निर्माण हटाने के आदेश दिए थे कि 6 महीने में सभी अवैध निर्माण हटा दिए जाए। लेकिन सरकार ने 7 सितंबर 2015 को एसीएस की अध्यक्षता में एक कमेटी गठित कर लीपापोती करने का काम किया।

     उन्होंने कहा कि छोटे किसानो के बगीचे तो काटे गए, लेकिन बड़े रसूक वाले किसानों के बगीचे अभी तक नहीं काटे गए है। बरागटा ने कहा कि सरकार एक तरह शहर में रिटेंशन पॉलिसी ला रही है। दूसरी तरफ गांव में अवैध निर्माण तोड़ रही है। बरागटा ने कहा कि भाजपा इसके खिलाफ मैदान में जाकर मुकाबला करेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस जनता को गुमराह कर रही है और मगरमच्छ के आंसू बहा रही है।

हाऊस टैक्स के विरोध में नगर परिषद बद्दी के खिलाफ धरना प्रदर्शन

✍🏻बद्दी
हाऊस टैक्स को 12.5 से घटाकर 7.5 करके जनता की वाहवाही बटोरनी वाली नगर परिषद बद्दी को जोरदार झटका लगा है। नप ने सोचा था कि हाऊस टैक्स घटाकर लोग विरोध का रास्ता छोड़ नप का सहयोग करेंगे। लेकिन इसके विपरीत मंगलवार को बद्दी विकास मंच के कार्यकर्ताओं ने नप बद्दी के हाऊस टैक्स को लेकर धरना प्रदर्शन किया। सुबह ही नप कार्यालय के समक्ष विकास मंच के प्रधान बेअंत ठाकुर की अगुवाई में कार्यकर्ताओं की भीड़ जुटनी शुरू हो गई।

    उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए विकास मंच के अध्यक्ष बेअंत ठाकुर ने दो टूक कहा कि जब तक नप सब सुविधाएं प्रदान नहीं करती लोग हाऊस टैक्स नहीं देंगे। ठाकुर ने कहा कि नप द्वारा हाऊस टैक्स मनमाने ढंग से लगाया जा रहा है। नगर परिषद ने अपने कार्यालय में बैठक बिना वास्तुस्थिति देखे ही लोगों को हाऊस टैक्स के तुगलकी फरमान जारी कर दिए। जबकि मौजूदा वास्तुस्थिति के हिसाब से जिन लोगों का टैक्स कम बनता है उन्हें चार गुणा अधिक टैक्स थोप दिया गया।

यह रहे धरना प्रदर्शन में उपस्थित
हाऊस टैक्स के विरोध में मंगलवार को धरना प्रदर्शन में बद्दी विकास मंच के अध्यक्ष बेंअत ठाकुर, मोहम्मद आशिक, संजीव कौशल, कैप्टन डीआर चंदेल, जसवंत राय, गुरमीत सिंह, तरसेम, जसविंद्र भारद्वाज, हरनेक ठाकुर, तेलू राम ठाकुर, दीपू पंडित, अमित केशव, भगत राम ठाकुर, ललित ठाकुर, बबलू पंडित आदि मौजूद रहे।

✍🏻धर्मशाला
पूर्व मंत्री किशन कपूर ने पत्रकारवार्ता में मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि सीएम वीरभद्र सिंह चुनावी वर्ष को नजदीक देखकर हर रोज नए-नए शिगूफे छेड़ रहे हैं और जनता को जमकर बेबकूफ बना रहे हैं। सीएम का हाल यह है कि खुद घोषणाएं करके खुद ही भूल जाते हैं। अब विपक्ष को मदारी कहने वाले सीएम खुद बताएं कि असल में मदारी कौन है।

       कपूर ने कहा कि चंद रोज पहले सीएम ने अपने बेटे को शिमला ग्रामीण से चुनाव मैदान में उतारने की बात कही। अब सीएम उस बात को भी मजाक कहकर टाल रहे हैं। यदि सीएम अपने बेटे के राजनीतिक भविष्य को लेकर ही इतना बड़ा मजाक कर सकते हैं, तो प्रदेश की जनता से वह किस हद तक मजाक कर सकते हैं। इसका अंदाजा सहज ही लगाया जा सकता है।

      कपूर ने कहा कि यह सीएम की बढ़ती उम्र का तकाजा है या बिगड़ता मानसिक संतुलन। लेकिन यह प्रदेश के लिए बहुत ज्यादा घातक है। हाल ही में सीएम कांगड़ा प्रवास पर आए थे और शिलान्यासों और घोषणाओं की झड़ी लगा दी। सीएम ने रात को भी शिलान्यास किए, लेकिन सीएम यह भी बताएं कि उनकी पुरानी कितनी घोषणाएं पूरी हुई हैं। सीएम ने धर्मशाला को राजधानी बनाने की घोषणा की और बीजेपी ने इसकी अधिसूचना जारी करने की मांग की। इस पर सीएम ने फिर से मजाक कर दिया और कहा कि उनकी घोषणा ही अधिसूचना है।

      अब सीएम कहते हैं कि धर्मशाला में न तो कोई सरकारी निदेशालय जाएगा और न ही कोई सचिवालय जाएगा। अब सीएम बताएं कि जब यहां कुछ भी नहीं होगा, तो क्या धर्मशाला बस नाम की राजधानी होगी। चुनाव नजदीक देख सीएम धर्मशाला के नाम पर जनता को भ्रमित करने का प्रयास कर रहे हैं। सीएम का कहना है कि धर्मशाला में चीफ इंजीनियर के ऑफिस हैं और यह राजधानी के लिए काफी हैं। ऐसे ऑफिस अन्य जिलों में भी हैं, तो क्या सीएम उन्हें भी राजधानी घोषित कर देंगे। कपूर ने कहा कि अब जब भी चुनाव होंगे, तब कांग्रेस सरकार की विदाई तय है। अपनी ही घोषणाओं से मुकरने वालों को प्रदेश की जनता सबक सिखाएगी।

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

have any doutes. please let me